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BPSC मुख्य परीक्षा

सामाजिक अनुसंधान में उपकल्पना (Hypothesis in Social Research)

गुड और स्केट्स ने अपनी पुस्तक "मेथड्स ऑफ रिसर्च" (1958) में कहते हैं, "उपकल्पना एक अनुमान है जिसे अंतिम अथवा अस्थाई रूप में किसी निरीक्षक तथ्य अथवा दशाओं की व्याख्या हेतु स्वीकार किया गया हो एवं जिससे अन्वेषण को आगे पथ प्रदर्शन प्राप्त होता हो।"

ग्रामीण समाजशास्त्र का महत्व

भारत गांवों का देश है। प्रोफेसर ब्लॉथ के अनुसार "भारत गांव का एक अति उत्कृष्ट देश है" भारतीय समाज में ग्रामीण संस्कृति, कृषि, पशुपालन आदि बेहद महत्वपूर्ण स्थान रखते हैं इसीलिए ग्रामीण समाजशास्त्र का महत्व भारत में अत्यधिक है। ग्रामीण समाजशास्त्र का महत्व इसलिए भी अन्य शास्त्रों...

भारतीय राजव्यवस्था (Indian Polity) | BPSC प्रारंभिक एवं मुख्य परीक्षा

इस लेख का उद्देश्य है कि परीक्षार्थियों को भारतीय राजव्यवस्था के सभी महत्वपूर्ण टॉपिक पढ़ा दिया जाए. अगर आप इस लेख को पूरा पढ़ लेते हैं तो आपको भारतीय राजव्यवस्था के तैयारी के लिए किसी भी अन्य किताब को पढ़ने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी. BPSC के परीक्षार्थियों...

राजनीति का अपराधीकरण

जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 8 में, सिद्धदोष नेताओं को चुनाव लड़ने के अयोग्य माना है। लेकिन मुकदमे का सामना करने वाले, चाहे कितने भी गंभीर आरोप हों, चुनाव लड़ने के लिए स्वतंत्र हैं। देश भर में 1765 एमपी और एमएलए के खिलाफ 3800 से अधिक आपराधिक...

पश्चिम की ओर प्रवाहित होने वाली भारतीय नदियाँ

पश्चिम की ओर प्रवाहित होने वाली प्रायद्वीपीय भारत की नदियां, पूर्व में प्रवाहित नदियों की अपेक्षा छोटी है तथा यह रिफ्ट घाटी से होकर प्रवाहित होती है. जिसका प्रमुख कारण हिमालय निर्माण के समय उतरी प्रायद्वीपीय भाग झुक जाना है. पश्चिम की ओर प्रवाहित मुख्य नदियां नर्मदा,...

किसानों के पास विरोध का संवैधानिक अधिकार

हाल ही में तीन कृषि बिलों के मामले में सुनवाई करते हुए सर्वोच्च न्यायालय ने कहा है कि किसानों के पास इस मामले पर विरोध का संवैधानिक अधिकार है, जब तक कि वे किसी प्रकार की जानमाल को क्षति ना पहुंचाएं. भारतीय संविधान में...

आधुनिक दासता क्या है? इसका उन्मूलन किस प्रकार किया जा सकता है?

आधुनिक दासता शोषण की उन स्थितियों को संदर्भित करती है जिसमें कोई व्यक्ति धमकी, हिंसा, उत्पीड़न, छल या प्राधिकार के दुरुपयोग के कारण बाहर नहीं निकल पाता है. ग्रेस फॉरेस्ट ने कहा कि जहां एक व्यक्ति दूसरे व्यक्ति का आर्थिक या स्वंय के लाभ के लिए शोषण...

RBI की त्वरित सुधारात्मक कार्रवाई (PCA) क्या होता है?

यह बैंकिंग सिस्टम में सुधार के उद्देश्य से आरबीआई द्वारा किया गया एक पहल है. इसके अंतर्गत आरबीआई भारत में कार्यरत सभी बैंक पर कड़ी निगरानी रखती है. आरबीआई इस उद्देश्य से बैंक की जमा राशि, परिसंपत्ति, राजस्व आय, लाभांश इत्यादि का मूल्यांकन करती है एवं इसे...

बिहार में राइट टू सर्विस एक्ट

आम जनता का यह अधिकार कि वह कुछ सार्वजनिक सेवाओ को तय समयावधि में पाने का हक रखती है - 'सेवा का अधिकार' कहलाता है। इसके तहत तय समयसीमा में काम का निबटारा करना सम्बंधित अधिकारियों की बाध्यता होती है। समयसीमा के अंदर सेवा नहीं उपलब्ध करानेवाले...

बिहार की आर्थिक विकास की क्या संभावनाएं हैं?

बिहार के आर्थिक रूप से पिछड़े होने के बावजूद बिहार में विकास की असीम संभावनाएं हैं जिनको उचित प्रबंधन द्वारा दूर किया जा सकता है जिसके लिए सरकार प्रयासरत है. कृषि तथा उर्जा क्षेत्र में विकास इस प्रकार बिहार...

बिहार का आर्थिक पिछड़ापन के क्या कारण हैं?

प्राचीन काल से ही बिहार ने लोकतंत्र, शिक्षा, राजनीति, धर्म एवं ज्ञान विज्ञान के क्षेत्र में देश को ही नहीं बल्कि दुनिया को मार्गदर्शन देने का कार्य किया है. लोकतंत्र के क्षेत्र में प्रसिद्ध लिच्छवी गणतंत्र और शिक्षा जगत में नालंदा एवं विक्रमशिला विश्वविद्यालय के भग्नावशेष आज...

नेहरू के सामाजिक राजनैतिक और आर्थिक चिंतन का विवरण दें.

स्वाधीन भारत के प्रथम प्रधानमंत्री के रूप में आधुनिक भारत के स्वतंत्र विकास की दिशा में जवाहरलाल नेहरू ने काफी कार्य किया जो कि सराहनीय है । शोषण से मुक्त एक नए भारत के निर्माण के लिए और साम्राज्यवाद के उत्पीड़न से मुक्त एक नए विश्व के...

टैगोर के सामाजिक और राजनीतिक चिंतन संबंधी विचार की व्याख्या करें

विश्व साहित्य क्षेत्र में टैगोर का नाम सदैव श्रद्धा के साथ लिया जाता है। उनकी विशेषता थी प्रकृति का सजीव चित्रण एवं जीवन के विभिन्न पहलुओं का मार्मिक वर्णन । वे मानवता के प्रति चिंतित सौंदर्य के प्रेमी थे। वे अत्यधिक सार्वभौमिक विचारशील तथा पूर्व व्यक्तित्व के...

राजनैतिक मुद्दों तथा भारतीय समाज की पुनर्रचना के संबंध में गांधी और नेहरू के विचारों संबंधी अंतर्विरोध की व्याख्या करें।

राजनीतिक मुद्दों तथा भारतीय समाज की पुनर्रचना के संबंध में गांधी और नेहरू के विचारों में मूल अंतर विचारधारा पर आधारित है । जैसे - धर्म को लेकर गांधी और नेहरू के विचारों में मूल अंतर-  गांधीजी धर्म पारायण व्यक्ति थे जबकि...

गांधी जी के राजनीतिक, सामाजिक, नैतिक और अर्थव्यवस्था संबंधी चिंतन का वर्णन करें?

गांधीजी का विश्व राजनीतिक इतिहास में उदय दक्षिण अफ्रीका की भूमि पर हुआ परंतु वास्तविक ऊंचाई भारत के राष्ट्रीय आंदोलन से मिली और वे मानवता के सबसे बड़े पुजारी के रूप में उभरे ना केवल भारतीय राष्ट्रीय आंदोलन के सर्वमान्य नेतृत्व करते थे बल्कि उनका महत्व इस...

संयुक्त राष्ट्र में भारत का स्थायी मिशन (Permanent Mission of India to the United Nations)

स्थायी मिशन, एक राजनयिक मिशन है जिसमें प्रत्‍येक सदस्य संयुक्त राष्ट्र का सहायक होता है।इसका नेतृत्व एक स्थायी प्रतिनिधि करता है, जिसे "संयुक्त राष्ट्र का राजदूत" भी कहा जाता है।प्रतिनिधियों को न्यूयॉर्क शहर में संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में अभिहस्‍तांकित किया जाता है और जिनेवा, वियना और नैरोबी...

Jammu and Kashmir Reorganisation Act 2019

Jammu and Kashmir reorganisation act 2019 was passed by both houses of parliament and received the assent of the president on 9th August 2019.The central government by gazette notification appointed 31st October 2019 as the date on which this act came into force.The act bifurcated the state...

अंतर्राष्ट्रीय श्रम दिवस (International Labour Day)

श्रमिक दिवस हर साल 1 मई को मनाया जाता है।यह दिन शिकागो में हेमार्केट संबंध या हैमार्केट हत्याकांड की याद दिलाता है। औद्योगिकीकरण के उदय के दौरान, अमेरिका ने 19 वीं शताब्दी के दौरान श्रमिक वर्ग का शोषण किया और कठोर परिस्थितियों में 15 घंटे तक काम...

[सिलेबस] राजनीति विज्ञान तथा अन्तर्राष्ट्रीय संबंध (वैकल्पिक विषय)

बिहार लोक सेवा आयोग मुख्य परीक्षा पाठ्यक्रम - राजनीति विज्ञान तथा अन्तर्राष्ट्रीय संबंध (वैकल्पिक विषय) खण्ड- I (Section - I) भाग ‘‘क’’ (Part - A) राजनीतिक सिद्धान्त प्राचीन भारतीय राजनीतिक विचारधारा की...

[सिलेबस] अर्थशास्त्र (वैकल्पिक विषय)

बिहार लोक सेवा आयोग मुख्य परीक्षा पाठ्यक्रम - अर्थशास्त्र (वैकल्पिक विषय) खण्ड- I (Section - I) अर्थव्यवस्था का ढांचा, राष्ट्रीय आय का लेखीकरण।आर्थिक विकल्प- उपभोक्ता व्यवहार- उत्पादक व्यवहार और बाजार के रूप।निवेश सम्बन्धी निर्णय तथा आय और रोजगार का निर्धारण-आय,...

लोकप्रिय

[सिलेबस] भूगोल (वैकल्पिक विषय)

बिहार लोक सेवा आयोग मुख्य परीक्षा पाठ्यक्रम - भूगोल (वैकल्पिक विषय) खण्ड- I (Section - I) भूगोल का सिद्धान्त (Theory of Geography) भाग ‘‘क’’ (Part - A) भौतिक भूगोल (Physical Geography) 1. भू-आकृति...

[सिलेबस] मैथिली भाषा और साहित्य (वैकल्पिक विषय)

बिहार लोक सेवा आयोग मुख्य परीक्षा पाठ्यक्रम - मैथिली भाषा और साहित्य (वैकल्पिक विषय) खण्ड- I (Section - I)भाग- 01. मैथिली भाषाक इतिहासः-(1) मैथिली भाषाक उद्गम।(2) भारोपीय भाषा परिवार में मैथिलीक स्थान।(3) मैथिली भाषाक ऐतिहासिक विकासक्रम।(4) हिन्दी, बंगला, भोजपुरी, मगही एवम् संथाली भाषाक संग...

बिहार का आर्थिक पिछड़ापन के क्या कारण हैं?

प्राचीन काल से ही बिहार ने लोकतंत्र, शिक्षा, राजनीति, धर्म एवं ज्ञान विज्ञान के क्षेत्र में देश को ही नहीं बल्कि दुनिया को मार्गदर्शन देने का कार्य किया है. लोकतंत्र के क्षेत्र में प्रसिद्ध लिच्छवी गणतंत्र और शिक्षा जगत में नालंदा एवं विक्रमशिला विश्वविद्यालय के भग्नावशेष आज...

[सिलेबस] सामान्य हिन्दी (अनिवार्य विषय)

बिहार लोक सेवा आयोग मुख्य परीक्षा पाठ्यक्रम - सामान्य हिन्दी (अनिवार्य विषय) इस पत्र में प्रश्न बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के माध्यमिक (सेकेण्डरी) स्तर के होंगे। इस परीक्षा में सरल हिन्दी में अपने भावों को स्पष्टतः एवं शुद्ध-शुद्ध रूप में व्यक्त करने की क्षमता...